फतेहपुर : लॉकडाउन में निःस्वार्थ भाव से ज़रूरतमन्द लोगों में राशन बाट रहा ‘फतेहपुर हेल्प डेस्क’

जम्हूरियत न्यूज़

फतेहपुर, 13 अप्रैल | देश में बढ़ रहे कोरोना महामारी के प्रकोप को देखते हुए प्रधानमंत्री मोदी द्वारा लॉकडाउन की घोषणा के बाद उत्तर प्रदेश के फतेहपुर शहर में ‘फतेहपुर हेल्प डेस्क’ ने ज़रूरत मंद लोगों को राशन बॉटने में अग्रणी भूमिका निभाई है। फतेहपुर हेल्प डेस्क ने लॉकडाउन के बाद उन सभी परिवारों को राशन बाटना अपना कर्तव्य समझा जो परिवार या तो आर्थिक रूप से कमज़ोर थे या अचानक हुए लॉकडाउन के कारण राशन की कमी का सामना कर रहे थे।

जमाअत इस्लामी हिन्द व दूसरे सामाजिक संगठनों के सहयोग से फतेहपुर हेल्प डेस्क का गठन कर हेल्प लाईन नम्बर +91 8858877468 , +91 9151541129 जारी किया गया जो अब तक 300 से अधिक जरूरतमंद परिवारों को राशन किट और दवाएं वितरित कर चुका है।

फतेहपुर हेल्प डेस्क (FHD) की अध्यक्षता शहर के मशहूर शिक्षाविद, बुद्धजीवी व जमाअत इस्लामी हिन्द फतेहपुर के अध्यक्ष डॉक्टर रफीक अहमद कर रहे हैं।

जम्हूरियत.कॉम से बात करते हुए उन्होंने बताया कि, “यह सहायता फ़तेहपुर प्रशासन द्वारा अधिकृत वॉलंटियर्स द्वारा की जा रही है। फतेहपुर हेल्प डेस्क घर-घर जाकर बिना किसी सामाजिक भेदभाव के गरीब और ज़रूरतमंदों को राशन बाट रहा है और ये सेवा लॉकडाउन तक जारी रहेगी।”

उन्होंने जानकारी देते हुए कहा कि, “ज़िला प्रशासन द्वारा अधिकृत वॉलंटियर्स में वफ़ाउर रहमान, मो. मोनिस, नोफिल, आकिल, इरफान और मो. उरूज आदि हैं जो इस कार्य को अंजाम दे रहे हैं। साथ ही इस कार्य में सहयोग करने वालों में हिमांशु अग्रहरी, गौरव गौर, राशिद, इरफान, उपांशु सिंह, फ़राज़ खान और शफीकुर्रहमान मुख्य रूप से शामिल हैं।”

इसके साथ ही ‘फतेहपुर हेल्प डेस्क’ का काम ग्रामीण क्षेत्रों में भी जारी है। फतेहपुर के गौंती में फतेहपुर हेल्प डेस्क के माध्यम से लोगों को राशन बाट रहे छात्र नेता अब्दुल्लाह शहीमी ने जम्हूरियत. कॉम से बात करते हुए कहा, “हम पहले क्षेत्र में सर्वे कर रहे हैं कि कौन से परिवार हैं जिन्हें राशन की ज़रूरत है। उसके बाद हमारी टीम सम्बंधित परिवार तक राशन पहुंचा रही है।”

अब्दुल्लाह शहीमी के साथ खुबैब अहमद, मोहम्मद शेख, राजकुमार, मिथिलेश, अज़ीम, हंज़ला, अम्मार और शहीफ भी इस कार्य में सहयोग कर रहे हैं और ‘फतेहपुर हेल्प डेस्क’ के माध्यम से लोगों की सहायता में निःस्वार्थ भाव से लगे हुए हैं।